मजदूरों के अधिकारों की रक्षा के लिए यूनियन का संकल्प, शिकायतें मुख्यमंत्री को भेजने का निर्णय
जागता झारखंड दुमका ब्यूरो:-
आज रविवार को इंटर स्टेट माइग्रेट वर्कर यूनियन के मुख्यालय लखी कुंडी, दुमका में संगठन के विस्तार, मजदूर हितों की सुरक्षा एवं लंबित श्रमिक शिकायतों पर विचार-विमर्श के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में यूनियन के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने बड़ी संख्या में भाग लिया तथा संगठन को और अधिक मजबूत एवं सक्रिय बनाने पर विस्तृत चर्चा की।
बैठक में सर्वसम्मति से श्री किशोर कुमार टुडू को दुमका प्रखंड अध्यक्ष तथा श्री हेमलाल सोरेन को दुमका प्रखंड सचिव मनोनीत किया गया। उपस्थित सभी सदस्यों ने दोनों नव-मनोनित पदाधिकारियों को बधाई देते हुए विश्वास व्यक्त किया कि उनके नेतृत्व में संगठन और अधिक सशक्त होगा तथा प्रवासी एवं स्थानीय मजदूरों के अधिकारों की रक्षा के लिए प्रभावी ढंग से कार्य करेगा।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि यूनियन को विभिन्न क्षेत्रों से प्राप्त सभी मजदूरों की शिकायतों का विधिवत संकलन कर उन्हें आवश्यक दस्तावेजों के साथ झारखंड के माननीय मुख्यमंत्री को भेजा जाएगा, ताकि संबंधित मामलों की निष्पक्ष जांच हो सके तथा पीड़ित मजदूरों को शीघ्र न्याय मिल सके। यूनियन ने स्पष्ट किया कि मजदूरों के शोषण, वेतन बकाया, दुर्घटना मुआवजा, अवैध श्रम प्रथा, बाल श्रम, सेवा शर्तों के उल्लंघन तथा अन्य श्रमिक समस्याओं के विरुद्ध संगठन पूरी मजबूती से आवाज उठाएगा।
यूनियन ने यह भी संकल्प लिया कि प्रत्येक प्रखंड एवं पंचायत स्तर तक संगठन का विस्तार किया जाएगा, ताकि किसी भी मजदूर को अपनी समस्या लेकर भटकना न पड़े। मजदूरों के संवैधानिक एवं कानूनी अधिकारों की रक्षा, सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ दिलाने तथा सरकारी विभागों के समक्ष उनकी समस्याओं को प्रभावी ढंग से रखने के लिए यूनियन लगातार संघर्ष करती रहेगी।
बैठक में सभी सदस्यों ने एक स्वर में कहा कि इंटर स्टेट माइग्रेट वर्कर यूनियन किसी भी मजदूर के साथ अन्याय, शोषण या भेदभाव को बर्दाश्त नहीं करेगी। यदि किसी भी विभाग, संस्था या ठेकेदार द्वारा मजदूरों के अधिकारों का हनन किया जाता है, तो यूनियन लोकतांत्रिक एवं कानूनी तरीके से आंदोलन करते हुए संबंधित सक्षम अधिकारियों के समक्ष मामला उठाएगी।
बैठक के अंत में नव-मनोनित पदाधिकारियों ने संगठन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि वे पूरी ईमानदारी, पारदर्शिता एवं समर्पण के साथ मजदूरों के हितों की रक्षा के लिए कार्य करेंगे तथा संगठन को गांव-गांव और प्रखंड-प्रखंड तक मजबूत बनाने का प्रयास करेंगे।


एक टिप्पणी भेजें