जितिया करम के पावन अवसर पर आदिवासी एवं पारंपरिक सांस्कृतिक साड़ियों का वितरण


जागता झारखंड ब्यूरो चीफ मीर उबैद उल्लाह लोहरदगा:जिला कांग्रेस कमिटी के जिलाध्यक्ष एवं चाला इंटरप्राइजेज के प्रोपराइटर  सुखैर भगत के सौजन्य से ग्राम पंचायत भड़गाँव अंतर्गत पारही बसार टोली स्थित बसार टोली अखाड़ा में जितिया करम के पावन अवसर पर आदिवासी एवं पारंपरिक सांस्कृतिक साड़ियों का वितरण किया गया। इस अवसर पर डाड़ी टोली की ग्राम महिलाओं के बीच भी साड़ियों का वितरण किया गया।इस अवसर पर सुखैर भगत ने कहा कि आदिवासी समाज की संस्कृति, परंपरा और पहचान हमारी अमूल्य धरोहर है। जितिया करम जैसे पर्व केवल धार्मिक आस्था के प्रतीक नहीं, बल्कि हमारी समृद्ध सामाजिक एवं सांस्कृतिक विरासत को जीवंत रखने का माध्यम भी हैं। पारंपरिक परिधान हमारी संस्कृति और हमारी पहचान से गहराई से जुड़े हैं। इन सांस्कृतिक साड़ियों के माध्यम से माताओं एवं बहनों के प्रति सम्मान व्यक्त करने के साथ-साथ हमारी परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत को आगे बढ़ाने का छोटा-सा प्रयास किया जा रहा है।उन्होंने कहा कि गाँव के अखाड़े हमारी सामाजिक और सांस्कृतिक एकता के केंद्र हैं, जहाँ हमारी परंपराएँ पीढ़ी-दर-पीढ़ी हस्तांतरित होती हैं। ऐसे आयोजनों से समाज में आपसी प्रेम, भाईचारा और एकजुटता और मजबूत होती है।साड़ी वितरण के दौरान महिलाओं में काफी उत्साह और खुशी देखने को मिली। उपस्थित महिलाओं ने इस पहल के लिए श्री सुखैर भगत के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि पारंपरिक सांस्कृतिक साड़ियों का वितरण हमारी संस्कृति और पर्व के प्रति सम्मान का प्रतीक है।कार्यक्रम में प्रदेश प्रतिनिधि नेसार अहमद, जिला महासचिव सलीम अंसारी, जिला सोशल मीडिया प्रभारी प्रकाश उराँव, बसंती उराँव, शुशांति उराँव, ग्राम प्रधान सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं महिलाएँ उपस्थित रहीं।

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